Story detailsHeadline, summary, section, and byline.HeadlineSummaryभांडेर थाना क्षेत्र में ट्रक ड्राइवर से अवैध रूप से रुपये मांगने के मामले में पुलिस अधीक्षक ने सख्त एक्शन लिया है। जांच के दौरान विभागीय कर्मी की संलिप्तता सामने आने के बाद उसे तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।Categoryदुर्घटनाराजनीतिसमस्या/problemस्थानीयअपराधशिक्षाखेलमनोरंजनव्यापारस्थानीयDistrictNo districtग्वालियरदेशमुरैनाभिंडश्योपुरदतियाशिवपुरीगुनाअशोकनगरAuthorEditorial deskMushtaq Ahmad Khan - Editor In Chiefiuyiuhकृषि डेस्क - कृषि संवाददाताक्राइम डेस्क - अपराध संवाददाताधर्म डेस्क - धर्म संपादकपर्यटन डेस्क - पर्यटन संवाददाताराजनीति डेस्क - राजनीतिक विश्लेषकव्यापार डेस्क - व्यापार संवाददाताशिक्षा डेस्क - शिक्षा संवाददातासंपादकीय डेस्क - वरिष्ठ संपादकसांस्कृतिक डेस्क - सांस्कृतिक संपादकस्पोर्ट्स डेस्क - खेल संवाददाताPublish timeStory URLURL slug/article/datia-story-91ccd71f
StoryWrite in reading order. Add images exactly where they should appear. Text block Image block01Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteदतिया जिले के भांडेर थाना इलाके में अवैध रूप से वाहन रोकने और रुपयों की मांग करने का एक गंभीर मामला सामने आया है। इस घटना ने स्थानीय पुलिस महकमे में हड़कंप मचा दिया है, जिसके चलते उच्चाधिकारियों को त्वरित कदम उठाने पड़े। Add text below Add image below02Heading Paragraph Heading Subheading Quoteएसपी को सीधे फोन पर दी थी जानकारी Add text below Add image below03Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteबीती 2 सितंबर की रात भिंड-भांडेर मार्ग पर गिट्टी और रेत से भरे वाहनों का आवागमन हो रहा था। इसी दौरान रास्ते में कुछ लोगों ने एक ट्रक को जबरन रुकवा लिया और चालक से दो सौ रुपये की मांग करने लगे। Add text below Add image below04Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteचालक ने पैसे देने के बजाय चालाकी दिखाते हुए सीधे जिला पुलिस अधीक्षक मयूर खंडेलवाल को फोन लगा दिया और पूरी घटना की जानकारी दी। एसपी ने तुरंत मौके पर मौजूद व्यक्ति से फोन पर बात करवाने को कहा, लेकिन इसकी भनक लगते ही आरोपी वहां से भाग निकला। Add text below Add image below05Heading Paragraph Heading Subheading Quoteमोबाइल जांच से खुला आरक्षक का राज Add text below Add image below06Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteमामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तफ्तीश शुरू की और सरसई रोड निवासी भूरे परिहार व जेडी को हिरासत में लिया। जब इन दोनों संदिग्धों के मोबाइल फोन की बारीकी से जांच की गई, तो पूरे घटनाक्रम का रुख ही बदल गया। Add text below Add image below07Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteफोन रिकॉर्ड खंगालने पर पुलिस विभाग के ही आरक्षक चालक सौरभ बाजपेई का संपर्क नंबर सामने आया। दोनों पक्षों के बीच बातचीत के पुख्ता डिजिटल साक्ष्य मिलने के बाद पुलिस ने इस एंगल पर अपनी जांच और तेज कर दी। Add text below Add image below08Heading Paragraph Heading Subheading Quoteएसपी ने की त्वरित कार्रवाई Add text below Add image below09Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteजांच में जब आरक्षक सौरभ बाजपेई की भूमिका संदिग्ध पाई गई और आरोप प्रथम दृष्टया सही साबित हुए, तो पुलिस अधीक्षक मयूर खंडेलवाल ने कड़ा रुख अपनाया। Add text below Add image below10Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteएसपी ने आरोपी आरक्षक को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। फिलहाल पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि हाईवे पर वसूली करने वाले निजी लोगों और इस आरक्षक के बीच किस तरह की सांठगांठ थी तथा इस पूरे प्रकरण में और कौन-कौन शामिल है। Add text below Add image below