Story detailsHeadline, summary, section, and byline.HeadlineSummaryडबरा नगर पालिका में चल रहा पार्षदों का आमरण अनशन तीसरे दिन अधिकारियों के दखल और लिखित आश्वासन के बाद समाप्त हो गया। शहर के रुके हुए विकास कार्यों की फाइलों पर हस्ताक्षर होने के बाद आंदोलनकारी पार्षदों ने जूस पीकर धरना खत्म किया।Categoryदुर्घटनाराजनीतिसमस्या/problemस्थानीयअपराधशिक्षाखेलमनोरंजनव्यापारस्थानीयDistrictNo districtग्वालियरदेशमुरैनाभिंडश्योपुरदतियाशिवपुरीगुनाअशोकनगरAuthorEditorial deskMushtaq Ahmad Khan - Editor In Chiefiuyiuhकृषि डेस्क - कृषि संवाददाताक्राइम डेस्क - अपराध संवाददाताधर्म डेस्क - धर्म संपादकपर्यटन डेस्क - पर्यटन संवाददाताराजनीति डेस्क - राजनीतिक विश्लेषकव्यापार डेस्क - व्यापार संवाददाताशिक्षा डेस्क - शिक्षा संवाददातासंपादकीय डेस्क - वरिष्ठ संपादकसांस्कृतिक डेस्क - सांस्कृतिक संपादकस्पोर्ट्स डेस्क - खेल संवाददाताPublish timeStory URLURL slug/article/dabra-story-cb524ad2
StoryWrite in reading order. Add images exactly where they should appear. Text block Image block01Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteडबरा नगर पालिका परिसर में पिछले कई दिनों से जारी गतिरोध और पार्षदों की भूख हड़ताल आखिरकार तीसरे दिन समाप्त हो गई। ग्वालियर से मौके पर पहुंची जिला परियोजना अधिकारी (शहरी विकास अभिकरण/DUDA) की मध्यस्थता के बाद आंदोलनरत पार्षदों ने अपना अनशन वापस ले लिया। Add text below Add image below02Heading Paragraph Heading Subheading Quoteक्यों ठप पड़े थे शहर के विकास कार्य Add text below Add image below03Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteनगर पालिका अध्यक्ष लक्ष्मी देवी राजा और उपाध्यक्ष सत्येंद्र दुबे के बीच आपसी खींचतान चल रही थी। इस आंतरिक गतिरोध के कारण डबरा शहर के तमाम विकास कार्य पूरी तरह से ठप पड़े थे और जनता से जुड़ी परियोजनाएं आगे नहीं बढ़ पा रही थीं। Add text below Add image below04Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteइस लेटलतीफी से नाराज होकर पार्षदों ने नगर पालिका के बाहर अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया था, जो बाद में भूख हड़ताल में बदल गया। वार्ड 8 के पार्षद सुमित साहू और वार्ड 16 की पार्षद सुनीता राजोरिया के पति महाराज सिंह राजोरिया ने अनशन का रुख किया था। Add text below Add image below05Heading Paragraph Heading Subheading Quoteअपर कलेक्टर के आश्वासन पर टूटा अनशन Add text below Add image below06Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteमामले की गंभीरता को देखते हुए अपर कलेक्टर एवं जिला परियोजना अधिकारी भूमिजा सक्सेना डबरा पहुंचीं। उन्होंने दोनों पक्षों की समस्याएं सुनीं और रुकी हुई विकास फाइलों पर हस्ताक्षर कराए। साथ ही 7 सितंबर को नया सम्मेलन बुलाने और समितियों के गठन संबंधी पुराने निर्णयों को लागू करने की बात कही। Add text below Add image below07Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteपार्षदों ने पहले सिर्फ मौखिक बातों पर ऐतराज जताया और लिखित आश्वासन की मांग रखी। इसके बाद सीएमओ साक्षी बाजपेई और अपर कलेक्टर ने 15 से 20 दिन के भीतर ज़मीन पर काम दिखने का लिखित भरोसा दिया, जिसके बाद उपाध्यक्ष सत्येंद्र दुबे और अन्य पार्षदों ने आंदोलनकारियों को नींबू पानी पिलाकर अनशन खत्म कराया। Add text below Add image below08Heading Paragraph Heading Subheading Quoteआगे की चेतावनी और प्रशासन का रुख Add text below Add image below09Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteइस दौरान पार्षदों ने अमृत योजना के तहत जलापूर्ति कर रही बांको कंपनी के भुगतान में गड़बड़ी की शिकायत भी दर्ज कराई, जिसपर जांच का भरोसा मिला है। अनशनकारियों का साफ कहना है कि यदि इस बार भी सिर्फ आश्वासन मिला और धरातल पर काम नहीं दिखा, तो वे दोबारा उग्र आंदोलन करने के लिए बाध्य होंगे। Add text below Add image below10Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteप्रशासन की तरफ से अपर कलेक्टर भूमिजा सक्सेना ने स्पष्ट किया है कि इस बार सिर्फ कोरा आश्वासन नहीं दिया गया है, बल्कि सभी विकास कार्यों को प्राथमिकता से अमलीजामा पहनाया जाएगा। सीएमओ को भी कार्यों में तेजी लाने के कड़े निर्देश दिए गए हैं। Add text below Add image below