Story detailsHeadline, summary, section, and byline.HeadlineSummaryभिंड जिले में जमीन के विवाद को लेकर अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा के साथ पहुंचे लोगों ने एसपी कार्यालय में ज्ञापन सौंपा। उन्होंने रौन थाने में दर्ज मामले की निष्पक्ष जांच उच्च अधिकारी से कराने की मांग की है।Categoryदुर्घटनाराजनीतिसमस्या/problemस्थानीयअपराधशिक्षाखेलमनोरंजनव्यापारस्थानीयDistrictNo districtग्वालियरदेशमुरैनाभिंडश्योपुरदतियाशिवपुरीगुनाअशोकनगरAuthorEditorial deskMushtaq Ahmad Khan - Editor In Chiefiuyiuhकृषि डेस्क - कृषि संवाददाताक्राइम डेस्क - अपराध संवाददाताधर्म डेस्क - धर्म संपादकपर्यटन डेस्क - पर्यटन संवाददाताराजनीति डेस्क - राजनीतिक विश्लेषकव्यापार डेस्क - व्यापार संवाददाताशिक्षा डेस्क - शिक्षा संवाददातासंपादकीय डेस्क - वरिष्ठ संपादकसांस्कृतिक डेस्क - सांस्कृतिक संपादकस्पोर्ट्स डेस्क - खेल संवाददाताPublish timeStory URLURL slug/article/bhind-story-f80e27db
StoryWrite in reading order. Add images exactly where they should appear. Text block Image block01Heading Paragraph Heading Subheading Quoteसीमा चिन्ह उखाड़ने का वीडियो होने के बावजूद कार्रवाई का आरोप Add text below Add image below02Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteभिंड जिले के रौन थाना क्षेत्र के अंतर्गत जमीनी कब्जे और सीमांकन को लेकर उपजा विवाद अब तूल पकड़ता जा रहा है। पीड़ित पक्ष का कहना है कि राजस्व अमले द्वारा जमीन की नाप तौल के बाद जो सीमा चिन्ह और मुड्डियां लगाई गई थीं, उन्हें दूसरे पक्ष द्वारा उखाड़ दिया गया है। इस पूरी घटना का वीडियो फुटेज भी पुलिस के पास उपलब्ध है, लेकिन इसके बावजूद उसे जांच में शामिल नहीं किया गया है। Add text below Add image below03Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteइसी बात से नाराज होकर अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा के तमाम पदाधिकारियों और स्थानीय नागरिकों ने पुलिस अधीक्षक कार्यालय का रुख किया। यहां उन्होंने अपर पुलिस अधीक्षक प्रदीप पटेल को एक विस्तृत ज्ञापन सौंपा, जिसमें अपराध क्रमांक 161/2026 की नए सिरे से और किसी वरिष्ठ अधिकारी के माध्यम से जांच करवाए जाने की पुरजोर मांग रखी गई है। Add text below Add image below04Heading Paragraph Heading Subheading Quoteमछंड और गांध बहोरीपुरा की जमीन को लेकर है दो पक्षों में तनातनी Add text below Add image below05Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteज्ञापन सौंपने वाले लोगों में जितेंद्र सिंह राजावत, अरविन्द सिंह राजावत, विशाल चौहान और रामू चौहान समेत कई अन्य ग्रामीण शामिल रहे। उन्होंने अधिकारियों को बताया कि ग्राम मछंड और गांध बहोरीपुरा में भूमि मालिकाना हक को लेकर दूसरे पक्ष के साथ लगातार विवाद चल रहा है। आवेदकों के मुताबिक, मौजा गांध बहोरीपुरा के सर्वे नंबर 263 की कुल 1.26 हेक्टेयर जमीन में उनका भी वैध हिस्सा मौजूद है। Add text below Add image below06Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteशिकायतकर्ताओं का यह भी आरोप है कि विरोधी पक्ष ने उनकी इस भूमि के एक बड़े हिस्से पर अवैध रूप से कब्जा जमाते हुए वहां झोपड़ी खड़ी कर ली है। इस कब्जे को हटाने के लिए कई दौर की पंचायतें और बैठकें भी हुईं, लेकिन कोई ठोस और स्थाई समाधान नहीं निकल सका। Add text below Add image below07Heading Paragraph Heading Subheading Quoteतहसीलदार के आदेश पर हुआ था सीमांकन, धारा 250 के तहत न्यायालय में चल रहा मामला Add text below Add image below08Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteपीड़ितों ने बताया कि रौन के तहसीलदार के स्पष्ट आदेश पर राजस्व विभाग के अमले ने जमीन का सीमांकन किया था। इसके बाद पुलिस बल की मौजूदगी में दोबारा निशानदेही कर सीमा चिन्ह और मुड्डियां स्थापित कराई गईं थीं। उनका आरोप है कि इस कार्रवाई के दौरान ही दूसरे पक्ष की महिलाओं ने पुलिस बल के सामने ही इन मुड्डियों को उखाड़ फेंका और विरोध में अभद्र भाषा का प्रयोग किया। Add text below Add image below09Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteआवेदकों का पक्ष है कि जमीन से अवैध कब्जा हटाने के संदर्भ में मध्यप्रदेश भू-राजस्व संहिता की धारा 250 के अंतर्गत तहसीलदार न्यायालय में कानूनी कार्रवाई पहले से ही विचाराधीन है। इसके बावजूद उनके खिलाफ ही मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। Add text below Add image below10Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteज्ञापन के माध्यम से मांग की गई है कि पुलिस इस प्रकरण की गहराई से पड़ताल करे, जिसमें सीमांकन के दस्तावेज, घटना का वीडियो और दोनों पक्षों के तर्क शामिल हों। इस अवसर पर रामअवतार सिंह चच्चू, शंभूसिंह राजावत और रिशू राजावत सहित अन्य गणमान्य लोग भी प्रमुख रूप से मौजूद रहे। Add text below Add image below