Story detailsHeadline, summary, section, and byline.HeadlineSummaryभिंड जिले के गोहद स्थित बैसली नदी घाट पर पितृपक्ष के दौरान भारी अव्यवस्था देखने को मिल रही है। शराब की टूटी बोतलों और कचरे के बीच लोगों को पूर्वजों का पिंडदान करना पड़ रहा है।Categoryदुर्घटनाराजनीतिसमस्या/problemस्थानीयअपराधशिक्षाखेलमनोरंजनव्यापारस्थानीयDistrictNo districtग्वालियरदेशमुरैनाभिंडश्योपुरदतियाशिवपुरीगुनाअशोकनगरAuthorEditorial deskMushtaq Ahmad Khan - Editor In Chiefiuyiuhकृषि डेस्क - कृषि संवाददाताक्राइम डेस्क - अपराध संवाददाताधर्म डेस्क - धर्म संपादकपर्यटन डेस्क - पर्यटन संवाददाताराजनीति डेस्क - राजनीतिक विश्लेषकव्यापार डेस्क - व्यापार संवाददाताशिक्षा डेस्क - शिक्षा संवाददातासंपादकीय डेस्क - वरिष्ठ संपादकसांस्कृतिक डेस्क - सांस्कृतिक संपादकस्पोर्ट्स डेस्क - खेल संवाददाताPublish timeStory URLURL slug/article/bhind-story-d702f562
StoryWrite in reading order. Add images exactly where they should appear. Text block Image block01Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteअंचल में पितृपक्ष का दौर शुरू होने के साथ ही लोग अपने पूर्वजों की आत्मा की शांति के लिए तर्पण और पिंडदान करने के वास्ते स्थानीय घाटों का रुख कर रहे हैं। हालांकि भिंड के गोहद क्षेत्र में बैसली नदी के तट पर स्थित मुख्य घाट पर व्यवस्थाओं के अभाव के चलते श्रद्धालुओं को भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। Add text below Add image below02Heading Paragraph Heading Subheading Quoteटूटी सीढ़ियों और कचरे से जूझ रहे हैं लोग Add text below Add image below03Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteपवित्र अनुष्ठानों के इस समय में भी बैसल नदी के इस प्रमुख घाट पर साफ-सफाई का कोई पुख्ता इंतजाम नजर नहीं आ रहा है। आसपास के ग्रामीण और शहरी इलाकों से बड़ी संख्या में नागरिक यहां अपने पितरों को याद करने पहुंच रहे हैं, जिन्हें गंदगी के बीच ही अपने धार्मिक कर्मकांड पूरे करने पड़ रहे हैं। Add text below Add image below04Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteस्थिति यह है कि नदी तक उतरने के लिए बनी घाट की सीढ़ियां कई स्थानों पर बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो चुकी हैं। इन टूटी और जर्जर सीढ़ियों से नीचे उतरना श्रद्धालुओं, विशेषकर बुजुर्गों और महिलाओं के लिए जोखिम भरा साबित हो रहा है। Add text below Add image below05Heading Paragraph Heading Subheading Quoteशराब की बोतलों के कांच बिखरे होने से बढ़ा चोट का खतरा Add text below Add image below06Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteघाट परिसर में असामाजिक तत्वों के कारण फैली गंदगी और शराब की टूटी हुई बोतलों के कांच के टुकड़े चारों ओर बिखरे पड़े हैं। ऐसे में नंगे पैर अनुष्ठान करने वाले लोगों और वहां बैठने वाले श्रद्धालुओं के पैरों में चोट लगने का गंभीर खतरा हर समय बना रहता है। Add text below Add image below07Heading Paragraph Heading Subheading Quoteप्रशासन से तत्काल सफाई और मरम्मत की मांग Add text below Add image below08Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteस्थानीय निवासियों का कहना है कि पितृपक्ष के पावन पखवाड़े की शुरुआत से पहले ही संबंधित विभागों को इस घाट की साफ-सफाई और जीर्ण-शीर्ण सीढ़ियों की मरम्मत का कार्य पूरा कर लेना चाहिए था, लेकिन ऐसा नहीं किया गया। Add text below Add image below09Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteक्षेत्र के नागरिकों ने जिला प्रशासन से पुरजोर मांग उठाई है कि बैसली नदी घाट पर तत्काल प्रभाव से सफाई अभियान चलाया जाए, कांच के टुकड़े हटाए जाएं तथा टूटी हुई सीढ़ियों को दुरुस्त किया जाए ताकि तर्पण करने आने वाले श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो। Add text below Add image below