Story detailsHeadline, summary, section, and byline.HeadlineSummaryग्वालियर-चंबल अंचल के भिंड जिले में नकली डीएपी और एपीएस खाद का अवैध कारोबार थमने का नाम नहीं ले रहा है। किसानों द्वारा पकड़ी गई खेप के बाद अब इस अंतरराज्यीय नेटवर्क के तार मुरैना, दतिया और अन्य जिलों से जुड़ते नजर आ रहे हैं।Categoryदुर्घटनाराजनीतिसमस्या/problemस्थानीयअपराधशिक्षाखेलमनोरंजनव्यापारस्थानीयDistrictNo districtग्वालियरदेशमुरैनाभिंडश्योपुरदतियाशिवपुरीगुनाअशोकनगरAuthorEditorial deskMushtaq Ahmad Khan - Editor In Chiefiuyiuhकृषि डेस्क - कृषि संवाददाताक्राइम डेस्क - अपराध संवाददाताधर्म डेस्क - धर्म संपादकपर्यटन डेस्क - पर्यटन संवाददाताराजनीति डेस्क - राजनीतिक विश्लेषकव्यापार डेस्क - व्यापार संवाददाताशिक्षा डेस्क - शिक्षा संवाददातासंपादकीय डेस्क - वरिष्ठ संपादकसांस्कृतिक डेस्क - सांस्कृतिक संपादकस्पोर्ट्स डेस्क - खेल संवाददाताPublish timeStory URLURL slug/article/bhind-story-d479dfe2
StoryWrite in reading order. Add images exactly where they should appear. Text block Image block01Heading Paragraph Heading Subheading Quoteविस्तार ले रहा है नकली खाद का अवैध दायरा Add text below Add image below02Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteजिले में किसानों तक पहुंचाई जा रही नकली डीएपी और एपीएस खाद का दायरा सिर्फ अटेर तक सीमित नहीं रहा है, बल्कि भारौली और अमायन क्षेत्र के खेतों तक भी यह मिलावटी खाद पहुंच चुकी है। स्थानीय किसानों की सतर्कता के चलते इस काले कारोबार की परतें अब तेजी से उधड़ने लगी हैं। Add text below Add image below03Heading Paragraph Heading Subheading Quoteअमायन मंडी में पकड़ी गई 83 बोरियों की खेप Add text below Add image below04Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteभारौलीखुर्द गांव के सतर्क किसानों ने खुद पहल करते हुए 83 बोरी नकली डीएपी गुरुवार को अपने कब्जे में ली। यह खेप अमायन की शासकीय कृषि उपज मंडी में ट्रैक्टर-ट्रॉली पर लादकर खपाने की कोशिश की जा रही थी। किसानों की पुख्ता निशानदेही के आधार पर ही कृषि विभाग की टीम सक्रिय हुई और अमायन पहुंची। Add text below Add image below05Heading Paragraph Heading Subheading Quoteअधिकारियों ने बिछाया जाल, सप्लायर तक पहुंचे Add text below Add image below06Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteकार्रवाई के दौरान जब संदेही जितेंद्र अधिकारियों के बुलावे पर नहीं पहुंचा, तब कृषि विभाग की रणनीति के तहत एक किसान के नंबर से उसे फोन करवाया गया। फोन पर तत्काल 20 बोरी डीएपी की जरूरत बताए जाने पर लालच में आकर जितेंद्र मौके पर पहुंच गया, जिसे टीम ने तुरंत दबोच लिया। Add text below Add image below07Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteपकड़े गए आरोपी जितेंद्र ने पूछताछ में स्वीकार किया कि इस अवैध धंधे में उसका ड्राइवर राघवेंद्र और महादेव गुर्जर भी उसके साथ शामिल हैं। उसने यह नकली खाद दतिया के रहने वाले पप्पू गुर्जर से खरीदे जाने का खुलासा किया है। Add text below Add image below08Heading Paragraph Heading Subheading Quoteमुरैना और दतिया तक फैले हैं नेटवर्क के तार Add text below Add image below09Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteजांच में यह चौंकाने वाला तथ्य सामने आया है कि सकराया में बरामद एपीएस खाद की 600 बोरियों और नकली डीएपी के अंदर एक जैसी ही राख के बुरादे से तैयार गोलियां पाई गई हैं। इस गिरोह के तार भिंड के अलावा मुरैना और दतिया जिलों से भी जुड़े होने के पुख्ता संकेत मिले हैं। Add text below Add image below10Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteजिला कलेक्टर किरोड़ीलाल मीना के अनुसार, नकली खाद के विक्रय से जुड़े मामलों में लिप्त सभी व्यक्तियों की पहचान कर ली गई है। प्रशासन द्वारा इस मामले में अब तक सामने आए चारों प्रकरणों में दोषियों के खिलाफ नामजद एफआईआर दर्ज कराने की कार्रवाई लगातार जारी है। Add text below Add image below