Story detailsHeadline, summary, section, and byline.HeadlineSummaryस्थानीय निकायों के विस्तार के लिए शासन ने कलेक्टरों से 31 अक्टूबर तक प्रस्ताव मांगे हैं। सीमा तय होने के बाद वार्डों के पुनर्गठन और आरक्षण की प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जाएगा।Categoryदुर्घटनाराजनीतिसमस्या/problemस्थानीयअपराधशिक्षाखेलमनोरंजनव्यापारस्थानीयDistrictNo districtग्वालियरदेशमुरैनाभिंडश्योपुरदतियाशिवपुरीगुनाअशोकनगरAuthorEditorial deskMushtaq Ahmad Khan - Editor In Chiefiuyiuhकृषि डेस्क - कृषि संवाददाताक्राइम डेस्क - अपराध संवाददाताधर्म डेस्क - धर्म संपादकपर्यटन डेस्क - पर्यटन संवाददाताराजनीति डेस्क - राजनीतिक विश्लेषकव्यापार डेस्क - व्यापार संवाददाताशिक्षा डेस्क - शिक्षा संवाददातासंपादकीय डेस्क - वरिष्ठ संपादकसांस्कृतिक डेस्क - सांस्कृतिक संपादकस्पोर्ट्स डेस्क - खेल संवाददाताPublish timeStory URLURL slug/article/ashoknagar-story-d962948b
StoryWrite in reading order. Add images exactly where they should appear. Text block Image block01Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteअशोकनगर जिले में आगामी चुनावों से ठीक पहले नगरीय निकायों की सीमाओं में विस्तार करने की प्रक्रिया तेज हो गई है। बढ़ते शहरीकरण और शहरों के करीब विकसित हो रही ग्रामीण बस्तियों को ध्यान में रखते हुए शासन स्तर पर यह निर्णय लिया गया है। Add text below Add image below02Heading Paragraph Heading Subheading Quote31 अक्टूबर तक भेजना होगा पूरा प्रस्ताव Add text below Add image below03Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteनगरीय विकास एवं आवास विभाग के सचिव बीएस जामोद ने सभी जिलों के कलेक्टरों को आधिकारिक निर्देश जारी किए हैं। इन निर्देशों के तहत नगरीय सीमाओं को बढ़ाने, घटाने या नए निकाय के गठन से जुड़े प्रस्ताव सभी जरूरी दस्तावेजों के साथ 31 अक्टूबर 2026 तक आयुक्त, नगरीय प्रशासन एवं विकास को भेजने के निर्देश दिए गए हैं। Add text below Add image below04Heading Paragraph Heading Subheading Quoteजिले में संचालित हैं कुल छह निकाय Add text below Add image below05Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteवर्तमान में अशोकनगर जिले के अंतर्गत कुल छह नगरीय निकाय आते हैं। इनमें अशोकनगर और चंदेरी नगर पालिका के अलावा ईसागढ़, मुंगावली, शाढ़ौरा और पिपरई नगर परिषद शामिल हैं। चुनावों से पहले इन सभी निकायों के भौगोलिक विस्तार की रूपरेखा तैयार की जा रही है। Add text below Add image below06Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteजिला स्तर पर तैयार होने वाले इन प्रस्तावों में उन गांवों और बस्तियों को प्राथमिकता दी जाएगी जो नगर सीमा से लगे हुए हैं और जिनका बाजार, रोजगार तथा दैनिक गतिविधियों के लिए शहर से सीधा जुड़ाव है। हालांकि, अभी यह स्पष्ट नहीं हुआ है कि किन-किन गांवों को इस दायरे में लाया जाएगा। Add text below Add image below07Heading Paragraph Heading Subheading Quoteस्थानीय जनप्रतिनिधियों की प्रतिक्रिया Add text below Add image below08Quote Paragraph Heading Subheading Quoteनगरीय निकायों में आसपास के गांवों को शामिल करने को लेकर कल ही शासन की ओर से पत्र आया है। चूंकि शहर के आसपास और नगरीय सीमा से बाहर भी शहर का विस्तार हो चुका है। इसलिए सीमा बढ़ाना जरूरी है। कलेक्टर द्वारा इसका प्रस्ताव शासन को भेजा जाएगा। नगर पालिका की ओर से इस पर चर्चा की जाएगी। हमारी ओर से भी सुझाव दिए जाएंगे। - नीरज मनोरिया, अध्यक्ष नगर पालिका अशोकनगर Add text below Add image below09Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteप्रस्ताव भेजने की प्रक्रिया पूरी होने और अंतिम सीमा तय होने के बाद ही वार्डों की संख्या, उनका सीमांकन और आरक्षण तय करने की आगामी प्रक्रिया शुरू की जाएगी। Add text below Add image below