Story detailsHeadline, summary, section, and byline.HeadlineSummaryअशोकनगर जिले के मुंगावली में मायके आई आठ महीने की गर्भवती महिला के ऊपर सोते समय अचानक कच्चे कमरे का छप्पर गिर गया। इस भीषण हादसे में महिला और उसके गर्भ में पल रहे शिशु दोनों की जान चली गई, जबकि पास ही सो रहा उसका तीन साल का बेटा बाल-बाल बच गया।Categoryदुर्घटनाराजनीतिसमस्या/problemस्थानीयअपराधशिक्षाखेलमनोरंजनव्यापारस्थानीयDistrictNo districtग्वालियरदेशमुरैनाभिंडश्योपुरदतियाशिवपुरीगुनाअशोकनगरAuthorEditorial deskMushtaq Ahmad Khan - Editor In Chiefiuyiuhकृषि डेस्क - कृषि संवाददाताक्राइम डेस्क - अपराध संवाददाताधर्म डेस्क - धर्म संपादकपर्यटन डेस्क - पर्यटन संवाददाताराजनीति डेस्क - राजनीतिक विश्लेषकव्यापार डेस्क - व्यापार संवाददाताशिक्षा डेस्क - शिक्षा संवाददातासंपादकीय डेस्क - वरिष्ठ संपादकसांस्कृतिक डेस्क - सांस्कृतिक संपादकस्पोर्ट्स डेस्क - खेल संवाददाताPublish timeStory URLURL slug/article/ashoknagar-story-be927c3a
StoryWrite in reading order. Add images exactly where they should appear. Text block Image block01Heading Paragraph Heading Subheading Quoteरात के सन्नाटे में हुआ बड़ा हादसा Add text below Add image below02Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteमुंगावली-चंदेरी रोड बायपास पर गुरुवार और शुक्रवार की दरमियानी रात करीब तीन बजे एक मर्माहत कर देने वाली दुर्घटना सामने आई। ग्राम डुंगासरा से अपने मायके मुंगावली पहुंची तीस वर्षीय पूजा पत्नी विजय केवट आठ माह की गर्भवती थीं। वह नियमित स्वास्थ्य परीक्षण के सिलसिले में मायके आई हुई थी और गुरुवार को ही उसने अस्पताल जाकर अपनी जांच भी कराई थी। Add text below Add image below03Heading Paragraph Heading Subheading Quoteछप्पर के नीचे दबने से गई जान Add text below Add image below04Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteचम्पा बाई के नाम से प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत मकान का निर्माण कार्य चल रहा था, जिसके चलते परिवार पीछे बने कच्चे कमरे में शरण लिए हुए था। रात के वक्त पूजा अपने तीन साल के बेटे राम और अपनी बुआ के साथ इसी कमरे में नींद में थी, तभी अचानक भारी-भरकम छप्पर भरभराकर पूजा के ऊपर आ गिरा। सिर और चेहरे पर गंभीर चोट लगने से वह बुरी तरह जख्मी हो गई। Add text below Add image below05Heading Paragraph Heading Subheading Quoteअंतिम शब्द बने 'मुझे बचा लो' Add text below Add image below06Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteहादसे के वक्त पास ही सो रहा तीन वर्षीय मासूम राम पूरी तरह सुरक्षित बच गया और उसे खरोंच तक नहीं आई, हालांकि तेज आवाज से वह सहमकर रोने लगा। दर्द से छटपटा रही पूजा के मुंह से आखिरी शब्द 'मुझे बचा लो' निकले। शोर सुनकर मां और बुआ तुरंत जागीं तथा आसपास के लोगों की सहायता से मलबा हटाकर उसे बाहर निकाला गया। Add text below Add image below07Heading Paragraph Heading Subheading Quoteअस्पताल पहुंचने पर हुई पुष्टि Add text below Add image below08Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteपरिजन तड़के चार बजे के आसपास उसे तुरंत मुंगावली अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां चिकित्सकों ने परीक्षण के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। मुंगावली अस्पताल के डॉक्टर महेंद्र सिंह ने बताया कि अत्यधिक रक्तस्राव और सिर में गहरी चोट लगने के कारण महिला की सांसें थम गईं। मां की मौत के साथ ही गर्भ में पल रहे ढाई किलो के स्वस्थ नवजात शिशु का जीवन भी समाप्त हो गया। Add text below Add image below