Story detailsHeadline, summary, section, and byline.HeadlineSummaryकलेक्टर साकेत मालवीय ने कलेक्ट्रेट में राजस्व अधिकारियों की बैठक लेकर आरसीएमएस पोर्टल के लंबित मामलों की समीक्षा की। उन्होंने सभी मामलों का तय समय-सीमा में निपटारा करने और गांवों में ई-केवाईसी शिविर लगाने के निर्देश दिए हैं।Categoryदुर्घटनाराजनीतिसमस्या/problemस्थानीयअपराधशिक्षाखेलमनोरंजनव्यापारस्थानीयDistrictNo districtग्वालियरदेशमुरैनाभिंडश्योपुरदतियाशिवपुरीगुनाअशोकनगरAuthorEditorial deskMushtaq Ahmad Khan - Editor In Chiefiuyiuhकृषि डेस्क - कृषि संवाददाताक्राइम डेस्क - अपराध संवाददाताधर्म डेस्क - धर्म संपादकपर्यटन डेस्क - पर्यटन संवाददाताराजनीति डेस्क - राजनीतिक विश्लेषकव्यापार डेस्क - व्यापार संवाददाताशिक्षा डेस्क - शिक्षा संवाददातासंपादकीय डेस्क - वरिष्ठ संपादकसांस्कृतिक डेस्क - सांस्कृतिक संपादकस्पोर्ट्स डेस्क - खेल संवाददाताPublish timeStory URLURL slug/article/ashoknagar-story-60350bc4
StoryWrite in reading order. Add images exactly where they should appear. Text block Image block01Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteअशोकनगर जिले में जमीन के नामांतरण, बंटवारे और सीमांकन जैसे जरूरी कार्यों के लिए तहसील कार्यालयों के चक्कर काट रहे आम नागरिकों के लिए अब राहत मिलने की उम्मीद बढ़ गई है। कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित राजस्व अधिकारियों की एक महत्वपूर्ण बैठक के दौरान लंबित मामलों के तेज गति से निराकरण को लेकर सख्त निर्देश जारी किए गए हैं। Add text below Add image below02Heading Paragraph Heading Subheading Quoteकलेक्टर ने की आरसीएमएस पोर्टल के प्रकरणों की समीक्षा Add text below Add image below03Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteकलेक्टर साकेत मालवीय ने शनिवार को कलेक्ट्रेट में राजस्व अधिकारियों की बैठक बुलाई, जिसमें आरसीएमएस पोर्टल पर दर्ज मामलों की गहन समीक्षा की गई। उन्होंने सभी अधिकारियों को चेतावनी भरे लहजे में स्पष्ट किया कि कोई भी राजस्व प्रकरण बेवजह लंबित नहीं रहना चाहिए। हर मामले का निस्तारण तय समय-सीमा के भीतर किया जाना अनिवार्य है। Add text below Add image below04Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteबैठक के दौरान कलेक्टर ने जिले के सभी एसडीएम और तहसीलदारों से राजस्व मामलों की वर्तमान स्थिति का ब्योरा लिया। उन्होंने इस बात पर विशेष जोर दिया कि आम जनता को उनके मालिकाना हक से जुड़े दस्तावेज और सेवाएं समय पर मिलनी चाहिए, ताकि उन्हें परेशानियों का सामना न करना पड़े। Add text below Add image below05Heading Paragraph Heading Subheading Quoteग्रामीण क्षेत्रों में लगेंगे ई-केवाईसी शिविर Add text below Add image below06Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteचूंकि नामांतरण, बंटवारा और सीमांकन सीधे तौर पर नागरिकों की संपत्ति और भूमि रिकॉर्ड से जुड़े होते हैं, इसलिए इनमें होने वाली देरी आमजन को भारी पड़ती है। इसी समस्या को दूर करने के लिए स्वामित्व अधिकार अभिलेख निष्पादन एवं पंजीयन 2026 योजना के तहत ग्रामीण इलाकों में विशेष शिविर आयोजित किए जाएंगे। इन शिविरों के माध्यम से हितग्राहियों और उनकी भूमि की ई-केवाईसी प्रक्रिया को पूरा कराया जाएगा। इसके अलावा बैठक में फॉर्मर रजिस्ट्री और खरीफ गिरदावरी के कार्यों की भी प्रगति जांची गई। Add text below Add image below07Heading Paragraph Heading Subheading Quoteसीएम हेल्पलाइन और जननी सुरक्षा योजनाओं की भी हुई मॉनिटरिंग Add text below Add image below08Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteराजस्व विभाग की लंबित सीएम हेल्पलाइन शिकायतों का गुणवत्तापूर्ण समाधान कर विभाग को 'ए' ग्रेड में लाने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही जनसुनवाई, जनप्रतिनिधियों से प्राप्त पत्रों, केंद्रीय मंत्री के पत्रों और अर्द्धशासकीय पत्रों पर भी समयबद्ध कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। Add text below Add image below09Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteबैठक के अंतिम चरण में प्रशासनिक अधिकारियों ने राजस्व वसूली, अवैध शराब के विरुद्ध चल रही कार्रवाई, संबल योजना, प्रसूति सहायता और जननी सुरक्षा योजना के पात्र लाभार्थियों को समय पर भुगतान मिलने की स्थिति की भी समीक्षा की। सिविल सूट और उच्च न्यायालय में लंबित मामलों में जवाब समय पर दाखिल करने की हिदायत भी दी गई। Add text below Add image below