Story detailsHeadline, summary, section, and byline.HeadlineSummaryशिवपुरी के कोलारस में अदाणी समूह दक्षिण एशिया का सबसे बड़ा निजी मिसाइल इकोसिस्टम मैन्युफैक्चरिंग प्लांट स्थापित करने जा रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने रविवार को इस महत्वपूर्ण परियोजना का भूमिपूजन किया।Categoryदुर्घटनाराजनीतिसमस्या/problemस्थानीयअपराधशिक्षाखेलमनोरंजनव्यापारस्थानीयDistrictNo districtग्वालियरदेशमुरैनाभिंडश्योपुरदतियाशिवपुरीगुनाअशोकनगरAuthorEditorial deskMushtaq Ahmad Khan - Editor In Chiefiuyiuhकृषि डेस्क - कृषि संवाददाताक्राइम डेस्क - अपराध संवाददाताधर्म डेस्क - धर्म संपादकपर्यटन डेस्क - पर्यटन संवाददाताराजनीति डेस्क - राजनीतिक विश्लेषकव्यापार डेस्क - व्यापार संवाददाताशिक्षा डेस्क - शिक्षा संवाददातासंपादकीय डेस्क - वरिष्ठ संपादकसांस्कृतिक डेस्क - सांस्कृतिक संपादकस्पोर्ट्स डेस्क - खेल संवाददाताPublish timeStory URLURL slug/article/shivpuri-story-c691e7a9
StoryWrite in reading order. Add images exactly where they should appear. Text block Image block01Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteशिवपुरी जिले के कोलारस में रविवार को एक ऐतिहासिक भूमिपूजन समारोह संपन्न हुआ। इस अवसर पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने अदाणी समूह द्वारा स्थापित किए जा रहे दक्षिण एशिया के सबसे बड़े निजी मिसाइल इकोसिस्टम मैन्युफैक्चरिंग प्लांट की आधारशिला रखी। Add text below Add image below02Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteइस महत्वपूर्ण कार्यक्रम में अदाणी समूह के चेयरमैन गौतम अदाणी के पुत्र जीत और करण अदाणी भी विशेष रूप से उपस्थित रहे। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने अपने संबोधन में कहा कि इस प्लांट में निर्मित मिसाइलें 1000 किलोमीटर तक मार करने में सक्षम होंगी, जिसका अर्थ है कि पाकिस्तान का लगभग हर कोना इसकी जद में आ जाएगा। Add text below Add image below03Heading Paragraph Heading Subheading Quoteरक्षा क्षेत्र में मध्य प्रदेश की बढ़ती ताकत Add text below Add image below04Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteकेंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने बताया कि ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट 2025 में अदाणी समूह ने मध्य प्रदेश में 1.10 लाख करोड़ रुपये के निवेश की घोषणा की थी, और शिवपुरी में यह डिफेंस यूनिट उसी घोषणा की पहली बड़ी परियोजना है। अदाणी समूह के निदेशक जीत अदाणी ने जानकारी दी कि इस प्लांट में कंपोजिट प्रोपेलेंट, परीक्षण सुविधाएं और विस्फोटक का निर्माण किया जाएगा। अगले तीन वर्षों में इस परियोजना में 500 करोड़ रुपये का निवेश करने की योजना है। Add text below Add image below05Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteइस अवसर पर मुख्यमंत्री और केंद्रीय मंत्री ने अदाणी समूह द्वारा डिजाइन किए गए क्रॉस-एयर डिफेंस उपकरण का अवलोकन भी किया। यह मल्टी-लॉन्चर प्रणाली छोटी मिसाइलों और अन्य हवाई खतरों को अत्यंत कम समय में निष्क्रिय करने की क्षमता रखती है, जो 'आत्मनिर्भर भारत' की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। Add text below Add image below06Heading Paragraph Heading Subheading Quoteमध्य प्रदेश की नई रक्षा शक्ति: पांच प्रमुख बिंदु Add text below Add image below07Paragraph Paragraph Heading Subheading Quote1. देश में तीसरा सबसे बड़ा रक्षा उत्पादन केंद्र: वर्तमान में मध्य प्रदेश में 6 सरकारी रक्षा उत्पादन इकाइयां हैं, जो महाराष्ट्र (9) और उत्तर प्रदेश (7) के बाद तीसरे स्थान पर है। अब निजी क्षेत्र का सबसे बड़ा मिसाइल कॉम्प्लेक्स जुड़ने से यह स्थिति और मजबूत होगी। Add text below Add image below08Paragraph Paragraph Heading Subheading Quote2. रणनीतिक स्थान का लाभ: शिवपुरी का पाली क्षेत्र एनएच-27 (ईस्ट-वेस्ट कॉरिडोर) पर स्थित है। यह गुजरात के बंदरगाहों और उत्तर प्रदेश डिफेंस कॉरिडोर से अच्छी तरह जुड़ा हुआ है, जिससे रक्षा सामग्री की आवाजाही में तेजी आएगी। Add text below Add image below09Paragraph Paragraph Heading Subheading Quote3. 'रॉ मैटेरियल से रेडी' तक: इस परिसर में रक्षा उत्पादन के लिए आवश्यक कच्चे माल, प्रोपेलेंट, गन पाउडर से लेकर मिसाइल निर्माण और असेंबली तक की सभी प्रक्रियाएं एक ही स्थान पर संपन्न होंगी। Add text below Add image below10Paragraph Paragraph Heading Subheading Quote4. डिफेंस हब के रूप में विकास: भिंड में असॉल्ट राइफलें, स्नाइपर और एमएमजी जैसी बंदूकें ढाली और असेंबल की जाती हैं, जबकि ग्वालियर में वायुसेना का एक प्रमुख बेस है। इस क्षेत्र के विकास से यह एक महत्वपूर्ण डिफेंस हब के रूप में उभरेगा। Add text below Add image below11Paragraph Paragraph Heading Subheading Quote5. रोजगार के अवसर: इस परियोजना से प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से लगभग 4 से 5 हजार लोगों को रोजगार मिलने का अनुमान है। Add text below Add image below12Heading Paragraph Heading Subheading Quoteभोपाल को भी मिलेगी बिजनेस हब की सौगात Add text below Add image below13Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteइसी क्रम में, मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव सोमवार को भोपाल के सतगढ़ी में 173 एकड़ भूमि पर विकसित होने वाले इंडस्ट्रियल पार्क का भूमिपूजन करेंगे। इस पार्क का नामकरण भारतीय जनसंघ के संस्थापक डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के नाम पर किया जाएगा। Add text below Add image below14Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteइस पार्क में दिल्ली के भारत मंडपम की तर्ज पर 10,000 लोगों की क्षमता वाला एक कन्वेंशन सेंटर भी बनाया जाएगा। इसके अतिरिक्त, यहां आईटी और गारमेंट से संबंधित उद्योगों की स्थापना को बढ़ावा दिया जाएगा, जिससे प्रदेश की आर्थिक गतिविधियों को नई गति मिलेगी। Add text below Add image below