Story detailsHeadline, summary, section, and byline.HeadlineSummaryशिवपुरी जिले के बैराड़ तहसील अंतर्गत जरियाकला गांव में एक अजीब मामला सामने आया है, जहां जीवित महिला को सरकारी दस्तावेजों में मृत घोषित कर दिया गया है। महिला का पति अब अपनी पत्नी को जिंदा प्रमाणित कराने के लिए अधिकारियों के चक्कर काट रहा है।Categoryदुर्घटनाराजनीतिसमस्या/problemस्थानीयअपराधशिक्षाखेलमनोरंजनव्यापारस्थानीयDistrictNo districtग्वालियरदेशमुरैनाभिंडश्योपुरदतियाशिवपुरीगुनाअशोकनगरAuthorEditorial deskMushtaq Ahmad Khan - Editor In Chiefiuyiuhकृषि डेस्क - कृषि संवाददाताक्राइम डेस्क - अपराध संवाददाताधर्म डेस्क - धर्म संपादकपर्यटन डेस्क - पर्यटन संवाददाताराजनीति डेस्क - राजनीतिक विश्लेषकव्यापार डेस्क - व्यापार संवाददाताशिक्षा डेस्क - शिक्षा संवाददातासंपादकीय डेस्क - वरिष्ठ संपादकसांस्कृतिक डेस्क - सांस्कृतिक संपादकस्पोर्ट्स डेस्क - खेल संवाददाताPublish timeStory URLURL slug/article/shivpuri-story-5dac74e2
StoryWrite in reading order. Add images exactly where they should appear. Text block Image block01Heading Paragraph Heading Subheading Quoteराशन कार्ड में नाम जुड़वाने के दौरान हुआ खुलासा Add text below Add image below02Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteशिवपुरी जिले की बैराड़ तहसील के अंतर्गत आने वाले जरियाकला गांव के रहने वाले भारत जाटव इन दिनों एक अनोखी समस्या से जूझ रहे हैं। उन्हें अपनी जीवित पत्नी शुक्रवती जाटव को सरकारी दस्तावेजों में फिर से जिंदा दर्ज कराने के लिए प्रशासनिक दफ्तरों के लगातार चक्कर लगाने पड़ रहे हैं, क्योंकि पंचायत के रिकॉर्ड में उनकी पत्नी को मृत मान लिया गया है। Add text below Add image below03Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteमिली जानकारी के अनुसार, भारत जाटव की शादी करीब पांच वर्ष पूर्व दुल्हारा गांव की रहने वाली शुक्रवती जाटव से हुई थी। विवाह के बाद कुछ समय तक शुक्रवती का नाम उसके मायके के राशन कार्ड में ही दर्ज था और उसी के जरिए उसे राशन मिल रहा था। इसके बाद भारत ने अपनी पत्नी का नाम ससुराल यानी जरियाकला पंचायत के पारिवारिक राशन कार्ड में शामिल करवाने की पहल की। Add text below Add image below04Heading Paragraph Heading Subheading Quoteसमग्र आईडी और खाद्यान्न पर्ची के मिलान में आई तकनीकी त्रुटि Add text below Add image below05Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteजब पंचायत स्तर पर दस्तावेजों की जांच की गई, तब यह चौंकाने वाला तथ्य सामने आया कि शुक्रवती को सरकारी अभिलेखों में मृत घोषित किया जा चुका है। भारत के बताए अनुसार, यह गड़बड़ी समग्र आईडी और खाद्यान्न पर्ची को आपस में जोड़ने की प्रक्रिया के दौरान हुई, जिसके चलते उनका नाम सूची से हट गया और रिकॉर्ड में उन्हें मृत लिख दिया गया। Add text below Add image below06Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteइस बड़ी प्रशासनिक चूक के कारण न केवल राशन कार्ड बल्कि आधार और समग्र आईडी से जुड़े अन्य कामों में भी मुश्किलें खड़ी हो गईं। पीड़ित पति का कहना है कि उनकी पत्नी उनके साथ पूरी तरह से जीवित और स्वस्थ है, लेकिन सरकारी फाइलों में मृत दर्ज होने के कारण उन्हें तमाम परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। Add text below Add image below07Heading Paragraph Heading Subheading Quoteपंचायत सचिव ने मानी गलती, सुधार कार्य जारी Add text below Add image below08Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteइस पूरे मामले पर दुल्हारा पंचायत के सचिव मलखान सिंह बघेल ने सफाई देते हुए बताया कि समग्र आईडी और खाद्यान्न पर्ची जोड़ने के विशेष अभियान के दौरान गांव से बाहर रहने वालों, मृत लोगों और विवाह के बाद दूसरे स्थान पर शिफ्ट हो चुकी महिलाओं के नाम हटाए जा रहे थे। इसी प्रक्रिया के तहत नाम विलोपित करते वक्त गलती से शुक्रवती को मृत लिख दिया गया। Add text below Add image below09Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteसचिव ने आगे यह भी स्पष्ट किया कि करीब एक महीने पहले इस त्रुटि का पता चल गया था, जिसके बाद उनकी आईडी को रिकवर कर लिया गया है। अब जरियाकला पंचायत में शुक्रवती का नाम उनके पति के राशन कार्ड में जोड़े जाने की प्रक्रिया अंतिम चरण में है। Add text below Add image below