Story detailsHeadline, summary, section, and byline.HeadlineSummaryकराहल में आयोजित जन विश्वास शिविर के दौरान पति की मौत के 8 साल बाद भी सहायता राशि न मिलने से नाराज एक आदिवासी महिला ने प्रशासनिक अधिकारियों के सामने तीखा विरोध दर्ज कराया। महिला के आक्रोश को देखते हुए कलेक्टर ने मौके पर ही संबंधित अधिकारियों को जांच और त्वरित राहत के निर्देश दिए।Categoryदुर्घटनाराजनीतिसमस्या/problemस्थानीयअपराधशिक्षाखेलमनोरंजनव्यापारस्थानीयDistrictNo districtग्वालियरदेशमुरैनाभिंडश्योपुरदतियाशिवपुरीगुनाअशोकनगरAuthorEditorial deskMushtaq Ahmad Khan - Editor In Chiefiuyiuhकृषि डेस्क - कृषि संवाददाताक्राइम डेस्क - अपराध संवाददाताधर्म डेस्क - धर्म संपादकपर्यटन डेस्क - पर्यटन संवाददाताराजनीति डेस्क - राजनीतिक विश्लेषकव्यापार डेस्क - व्यापार संवाददाताशिक्षा डेस्क - शिक्षा संवाददातासंपादकीय डेस्क - वरिष्ठ संपादकसांस्कृतिक डेस्क - सांस्कृतिक संपादकस्पोर्ट्स डेस्क - खेल संवाददाताPublish timeStory URLURL slug/article/sheopur-story-08788419
StoryWrite in reading order. Add images exactly where they should appear. Text block Image block01Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteश्योपुर जिले के कराहल स्थित सीडब्ल्यूसी परिसर में आयोजित 'सीएम जन विश्वास शिविर' उस समय चर्चा का विषय बन गया जब एक आदिवासी महिला ने प्रशासनिक व्यवस्था के खिलाफ अपना गुस्सा जाहिर किया। संबल योजना के तहत मिलने वाली सहायता राशि का लंबे समय से भुगतान न होने के कारण महिला का सब्र टूट गया और उसने शिविर में मौजूद कलेक्टर की टेबल पर ही दस्तावेज फेंक दिए। Add text below Add image below02Heading Paragraph Heading Subheading Quoteसाल 2017 में हुई थी पति की मौत Add text below Add image below03Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteयह पूरा मामला कराहल की जवाहर कॉलोनी में रहने वाली विद्या आदिवासी से जुड़ा है। महिला के पति गंगाराम आदिवासी का निधन वर्ष 2017 में हो गया था। मृतका की पत्नी का कहना है कि पति की मौत को आठ साल का लंबा समय बीत चुका है, लेकिन सरकारी दफ्तरों के चक्कर काटने के बावजूद उसे संबल योजना के तहत मिलने वाली आर्थिक सहायता अब तक नसीब नहीं हुई है। Add text below Add image below04Heading Paragraph Heading Subheading Quoteकलेक्टर ने हस्तक्षेप कर शांत कराया Add text below Add image below05Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteअचानक हुए इस घटनाक्रम से शिविर स्थल पर कुछ पलों के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया। हालांकि, स्थिति को संभालते हुए कलेक्टर शीला दाहिमा ने आगे बढ़कर महिला को ढांढस बंधाया और उसकी पूरी बात इत्मीनान से सुनी। महिला का गुस्सा शांत होने के बाद कलेक्टर ने जनपद सीईओ को इस प्रकरण की तत्काल प्रभाव से जांच करने और समस्या का समयबद्ध निराकरण सुनिश्चित करने के कड़े निर्देश दिए। Add text below Add image below06Heading Paragraph Heading Subheading Quoteप्रशासन ने दी मामले की अंदरूनी जानकारी Add text below Add image below07Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteशिविर में मौजूद अधिकारियों की ओर से पंचायत सचिव जगमोहन गुर्जर ने इस मामले में स्थिति स्पष्ट की। उन्होंने बताया कि विद्या आदिवासी को शासन की अन्य योजनाओं का लाभ मिल रहा है, जिसके तहत उन्हें आवास योजना और विधवा पेंशन दी जा रही है। सचिव ने स्पष्ट किया कि संबल योजना के तहत राशि का भुगतान न होने की मुख्य वजह यह है कि जिस समय महिला के पति का निधन हुआ था, उस वक्त उनका पंजीयन संबल पोर्टल पर सक्रिय नहीं था। Add text below Add image below