Story detailsHeadline, summary, section, and byline.HeadlineSummaryगुना जिले के राघौगढ़ निवासी सूरज सैनी रूस में मेडिकल की पढ़ाई कर रहे थे, जिनकी हृदय गति रुकने से मृत्यु हो गई। केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया के हस्तक्षेप के बाद उनका शव स्वदेश लाया गया है।Categoryदुर्घटनाराजनीतिसमस्या/problemस्थानीयअपराधशिक्षाखेलमनोरंजनव्यापारस्थानीयDistrictNo districtग्वालियरदेशमुरैनाभिंडश्योपुरदतियाशिवपुरीगुनाअशोकनगरAuthorEditorial deskMushtaq Ahmad Khan - Editor In Chiefiuyiuhकृषि डेस्क - कृषि संवाददाताक्राइम डेस्क - अपराध संवाददाताधर्म डेस्क - धर्म संपादकपर्यटन डेस्क - पर्यटन संवाददाताराजनीति डेस्क - राजनीतिक विश्लेषकव्यापार डेस्क - व्यापार संवाददाताशिक्षा डेस्क - शिक्षा संवाददातासंपादकीय डेस्क - वरिष्ठ संपादकसांस्कृतिक डेस्क - सांस्कृतिक संपादकस्पोर्ट्स डेस्क - खेल संवाददाताPublish timeStory URLURL slug/article/guna-story-7fe0ac98
StoryWrite in reading order. Add images exactly where they should appear. Text block Image block01Heading Paragraph Heading Subheading Quoteरूस में अचानक बिगड़ी थी तबीयत Add text below Add image below02Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteगुना जिले के राघौगढ़ कस्बे के रहने वाले सूरज सैनी उच्च शिक्षा के लिए रूस गए थे और वहां एमबीबीएस की पढ़ाई कर रहे थे। इसी दौरान उनकी अचानक तबीयत बिगड़ गई। परिजनों के अनुसार, पिछले दिनों उन्हें दिल का दौरा पड़ा, जिसके चलते उनका आकस्मिक निधन हो गया। Add text below Add image below03Heading Paragraph Heading Subheading Quoteपरिजनों ने लगाई थी केंद्रीय मंत्री से गुहार Add text below Add image below04Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteयुवक के निधन की खबर मिलते ही परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। स्थानीय स्तर पर नगरपालिका में पदस्थ छात्र के पिता राजकुमार सैनी और आंगनवाड़ी कार्यकर्ता माता ने केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया से संपर्क किया। जब मंत्री अशोकनगर प्रवास पर थे, तब परिजनों ने उनसे मिलकर बेटे का शव रूस से भारत मंगवाने की गुहार लगाई थी। Add text below Add image below05Heading Paragraph Heading Subheading Quoteप्रशासन ने की राघौगढ़ तक लाने की व्यवस्था Add text below Add image below06Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteमामला संज्ञान में आते ही केंद्रीय मंत्री ने तुरंत प्रशासनिक स्तर पर प्रयास शुरू किए। उनके प्रयासों के फलस्वरूप मॉस्को से छात्र का पार्थिव शरीर हवाई मार्ग से नई दिल्ली लाया गया। दिल्ली पहुंचने पर जिला प्रशासन गुना की ओर से विशेष एम्बुलेंस की व्यवस्था की गई, जिसके जरिए शव को उनके पैतृक निवास राघौगढ़ के लिए रवाना किया गया। Add text below Add image below07Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteप्रशासनिक और परिजनों की मौजूदगी में मृत छात्र का पार्थिव शरीर उनके गृह नगर पहुंच रहा है। स्थानीय परंपराओं के अनुसार अगले दिन उनका अंतिम संस्कार संपन्न किया जाएगा। Add text below Add image below