Story detailsHeadline, summary, section, and byline.HeadlineSummaryदतिया जिले के भिटोरा स्थित रामेश्वर धाम में पुत्रदा एकादशी के अवसर पर विशेष धार्मिक अनुष्ठान का आयोजन किया जाएगा। इस दौरान श्रद्धालु मिट्टी के शिवलिंग बनाकर रुद्राभिषेक करेंगे और इसके बाद भंडारे का प्रसाद ग्रहण करेंगे।Categoryदुर्घटनाराजनीतिसमस्या/problemस्थानीयअपराधशिक्षाखेलमनोरंजनव्यापारस्थानीयDistrictNo districtग्वालियरदेशमुरैनाभिंडश्योपुरदतियाशिवपुरीगुनाअशोकनगरAuthorEditorial deskMushtaq Ahmad Khan - Editor In Chiefiuyiuhकृषि डेस्क - कृषि संवाददाताक्राइम डेस्क - अपराध संवाददाताधर्म डेस्क - धर्म संपादकपर्यटन डेस्क - पर्यटन संवाददाताराजनीति डेस्क - राजनीतिक विश्लेषकव्यापार डेस्क - व्यापार संवाददाताशिक्षा डेस्क - शिक्षा संवाददातासंपादकीय डेस्क - वरिष्ठ संपादकसांस्कृतिक डेस्क - सांस्कृतिक संपादकस्पोर्ट्स डेस्क - खेल संवाददाताPublish timeStory URLURL slug/article/datia-23-7fc5932d
StoryWrite in reading order. Add images exactly where they should appear. Text block Image block01Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteदतिया जिला मुख्यालय से लगभग आठ किलोमीटर की दूरी पर स्थित ग्राम भिटोरा के रामेश्वर धाम में आगामी रविवार को एक विशेष धार्मिक कार्यक्रम का आयोजन होने जा रहा है। इस सिलसिले में तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। Add text below Add image below02Heading Paragraph Heading Subheading Quoteसुबह 11 बजे से शुरू होगा अनुष्ठान Add text below Add image below03Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteरामेश्वर धाम में आयोजित होने वाला यह पार्थिव शिवलिंग निर्माण और रुद्राभिषेक का कार्यक्रम सुबह 11 बजे से आरंभ होगा। इस धार्मिक आयोजन को लेकर रामेश्वर धाम के पीठाधीश्वर शिवम महाराज ने दतिया के रतन रॉयल होटल में पत्रकारों से चर्चा करते हुए इसकी विस्तृत जानकारी साझा की। Add text below Add image below04Heading Paragraph Heading Subheading Quoteपुत्रदा एकादशी पर विशेष महत्व Add text below Add image below05Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteपीठाधीश्वर शिवम महाराज ने बताया कि यह पावन अनुष्ठान 23 अगस्त को पुत्रदा एकादशी के पावन पर्व पर किया जा रहा है। सनातन मान्यता के अनुसार पुत्रदा एकादशी के दिन माताओं और बहनों द्वारा बनाए गए पार्थिव शिवलिंग का पूजन करना संतान के लिए अत्यंत फलदायी होता है। Add text below Add image below06Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteउन्होंने आगे बताया कि इस प्रकार के पूजन से संतान को सुख-समृद्धि की प्राप्ति होती है, विभिन्न प्रकार के रोगों से मुक्ति मिलती है और अकाल मृत्यु का भय भी दूर होता है। यह अनुष्ठान आध्यात्मिक दृष्टि से बेहद खास माना गया है। Add text below Add image below07Heading Paragraph Heading Subheading Quoteभंडारे के साथ होगा समापन Add text below Add image below08Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteकार्यक्रम के दौरान सभी भक्तगण मिलकर मिट्टी से पार्थिव शिवलिंगों का निर्माण करेंगे। इसके पश्चात वैदिक मंत्रोच्चार और विधि-विधान के साथ इन शिवलिंगों का रुद्राभिषेक संपन्न होगा। अनुष्ठान की पूर्णता के बाद श्रद्धालुओं के लिए महाप्रसादी यानी भंडारे का आयोजन भी किया जाएगा। Add text below Add image below09Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteसंत समाज ने क्षेत्र के तमाम श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे अधिक से अधिक संख्या में सपरिवार रामेश्वर धाम पहुंचे और इस आध्यात्मिक आयोजन का हिस्सा बनकर पुण्य लाभ अर्जित करें। Add text below Add image below