Story detailsHeadline, summary, section, and byline.HeadlineSummaryदतिया विधानसभा उपचुनाव में जीत के बाद कांग्रेस ने आभार रैली निकालकर बड़ा राजनीतिक संदेश दिया है। नेताओं ने इसे आगामी 2028 के विधानसभा चुनावों में सत्ता परिवर्तन का आगाज बताया।Categoryदुर्घटनाराजनीतिसमस्या/problemस्थानीयअपराधशिक्षाखेलमनोरंजनव्यापारस्थानीयDistrictNo districtग्वालियरदेशमुरैनाभिंडश्योपुरदतियाशिवपुरीगुनाअशोकनगरAuthorEditorial deskMushtaq Ahmad Khan - Editor In Chiefiuyiuhकृषि डेस्क - कृषि संवाददाताक्राइम डेस्क - अपराध संवाददाताधर्म डेस्क - धर्म संपादकपर्यटन डेस्क - पर्यटन संवाददाताराजनीति डेस्क - राजनीतिक विश्लेषकव्यापार डेस्क - व्यापार संवाददाताशिक्षा डेस्क - शिक्षा संवाददातासंपादकीय डेस्क - वरिष्ठ संपादकसांस्कृतिक डेस्क - सांस्कृतिक संपादकस्पोर्ट्स डेस्क - खेल संवाददाताPublish timeStory URLURL slug/article/datia-2028-b501d6a2
StoryWrite in reading order. Add images exactly where they should appear. Text block Image block01Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteदतिया विधानसभा उपचुनाव में मिली जीत के बाद बुधवार शाम को निकाली गई कांग्रेस की आभार रैली ने राजनीतिक सरगर्मी बढ़ा दी है। यह आयोजन केवल एक विजय उत्सव तक सीमित नहीं रहा, बल्कि इसे साल 2028 के विधानसभा चुनाव के लिए कांग्रेस के राजनीतिक रोडमैप के रूप में देखा जा रहा है। किला चौक पर आयोजित जनसभा में नवनिर्वाचित विधायक कुंवर घनश्याम सिंह, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी और नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार समेत कई दिग्गज नेता मौजूद रहे। Add text below Add image below02Heading Paragraph Heading Subheading Quoteसंगठन और गठबंधन की जीत: कुंवर घनश्याम सिंह Add text below Add image below03Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteनवनिर्वाचित विधायक कुंवर घनश्याम सिंह ने अपने संबोधन में चुनावी सफलता का पूरा श्रेय कांग्रेस संगठन, इंडिया गठबंधन और दतिया की आम जनता को दिया। उन्होंने कहा कि यह लड़ाई किसी एक व्यक्ति की नहीं थी, बल्कि इसमें बूथ स्तर के कार्यकर्ताओं से लेकर प्रदेश नेतृत्व, पूर्व मंत्रियों, विधायकों और समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने पूरी एकजुटता के साथ मैदान संभाला था। Add text below Add image below04Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteसिंह ने दावा किया कि उन्हें मिलने वाला वास्तविक जनसमर्थन 25 हजार से अधिक वोटों का था, लेकिन सत्ता पक्ष ने सरकारी मशीनरी और धनबल का उपयोग कर जीत के अंतर को कम करने का प्रयास किया। उन्होंने आरोप लगाया कि मतदान के दौरान मतदाताओं पर दबाव बनाने और अन्य हथकंडों का इस्तेमाल हुआ, हालांकि उन्होंने स्पष्ट किया कि वे आगे भी जनसेवा और साफ-सुथरी राजनीति के रास्ते पर चलते रहेंगे। Add text below Add image below05Heading Paragraph Heading Subheading Quoteजनता ने सत्ता के अहंकार को नकारा: उमंग सिंघार Add text below Add image below06Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteनेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने सभा को संबोधित करते हुए कहा कि दतिया के उपचुनाव का परिणाम सत्ता के अहंकार पर जनता की मुहर है। उन्होंने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि जनता ने ऐसे नुमाइंदे को चुना है जो महलों के बजाय जमीन पर रहकर लोगों की समस्याएं सुनता है। सिंघार ने क्षेत्र में किसानों को खाद न मिलने, युवाओं के समक्ष रोजगार के संकट और आदिवासियों के अधिकारों जैसे गंभीर मुद्दों को उठाते हुए सरकार को घेरा। Add text below Add image below07Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteउन्होंने पीतांबरा पीठ से जुड़े घटनाक्रमों का भी उल्लेख किया और कहा कि जनता ने सब देखा है और वक्त पर अपना सही फैसला सुना दिया है। बीना उपचुनाव का जिक्र करते हुए उन्होंने भाजपा को चुनौती दी कि कांग्रेस हर मुकाबले के लिए तैयार है और पार्टी के सभी विधायक मिलकर दतिया की आवाज को भोपाल तक मजबूती से उठाएंगे। Add text below Add image below08Heading Paragraph Heading Subheading Quoteजीतू पटवारी बोले- 2028 के बदलाव की है शुरुआत Add text below Add image below09Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteप्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने कार्यकर्ताओं में जोश भरते हुए कहा कि यह जीत अहंकार की नहीं बल्कि एक बड़ी जिम्मेदारी की प्रतीक है। उन्होंने दतिया की जनता, व्यापारियों और कार्यकर्ताओं का आभार जताते हुए कहा कि यह परिणाम केवल एक उपचुनाव तक सीमित नहीं है, बल्कि यह वर्ष 2028 में होने वाले सत्ता परिवर्तन की पहली सीढ़ी है। Add text below Add image below10Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteपटवारी ने आरोप लगाया कि चुनाव के दौरान प्रशासनिक दबाव और सरकारी संसाधनों का खुलकर दुरुपयोग किया गया, जिसे स्थानीय मतदाताओं ने अपने मतों से खारिज कर दिया। सभा के दौरान एक भावुक पल भी आया जब पटवारी ने मंच पर घुटनों के बल बैठकर जनता का आभार जताया। इसके अलावा, स्वागत के दौरान संतुलन बिगड़ने पर नवनिर्वाचित विधायक को मंच पर नेताओं द्वारा तुरंत संभाल लिया गया, जिससे कोई अप्रिय स्थिति नहीं बनी। Add text below Add image below