Story detailsHeadline, summary, section, and byline.HeadlineSummaryभिंड जिले में लंपी वायरस की चपेट में आने से गोवंश के बीमार होने और मौत के मामले सामने आए हैं। पशुपालन विभाग ने स्थिति पर नजर रखते हुए पांच हजार पशुओं के टीकाकरण की योजना बनाई है।Categoryदुर्घटनाराजनीतिसमस्या/problemस्थानीयअपराधशिक्षाखेलमनोरंजनव्यापारस्थानीयDistrictNo districtग्वालियरदेशमुरैनाभिंडश्योपुरदतियाशिवपुरीगुनाअशोकनगरAuthorEditorial deskMushtaq Ahmad Khan - Editor In Chiefiuyiuhकृषि डेस्क - कृषि संवाददाताक्राइम डेस्क - अपराध संवाददाताधर्म डेस्क - धर्म संपादकपर्यटन डेस्क - पर्यटन संवाददाताराजनीति डेस्क - राजनीतिक विश्लेषकव्यापार डेस्क - व्यापार संवाददाताशिक्षा डेस्क - शिक्षा संवाददातासंपादकीय डेस्क - वरिष्ठ संपादकसांस्कृतिक डेस्क - सांस्कृतिक संपादकस्पोर्ट्स डेस्क - खेल संवाददाताPublish timeStory URLURL slug/article/bhind-story-d409cefd
StoryWrite in reading order. Add images exactly where they should appear. Text block Image block01Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteभिंड जिले के ग्रामीण अंचलों में लंपी वायरस का संक्रमण तेजी से पैर पसार रहा है, जिसके चलते गोवंश के स्वास्थ्य को लेकर संकट पैदा हो गया है। कई जगहों पर गायों के संक्रमित होने और उनकी मौत होने के दावे भी किए जा रहे हैं, जिससे पशुपालकों और स्थानीय गौरक्षकों की नींद उड़ गई है। Add text below Add image below02Heading Paragraph Heading Subheading Quoteजिले में सवा लाख गोवंश, तीन फीसदी तक पशु प्रभावित Add text below Add image below03Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteआधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक भिंड जिले में कुल गोवंश की संख्या करीब सवा लाख है। पशुपालन विभाग के डिप्टी डायरेक्टर अवनीश शर्मा ने बताया कि इनमें से लगभग 2 से 3 प्रतिशत पशु फिलहाल लंपी वायरस से प्रभावित पाए गए हैं। विभाग की ओर से संक्रमित मवेशियों की पहचान करने के लिए विभागीय एंबुलेंस के जरिए लगातार मॉनिटरिंग की जा रही है। Add text below Add image below04Heading Paragraph Heading Subheading Quoteपांच हजार गोवंश को टीके लगाने की तैयारी Add text below Add image below05Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteबीमारी के फैलाव को रोकने के लिए पशुपालन विभाग ने एहतियाती कदम उठाते हुए करीब 5 हजार पशुओं का टीकाकरण करने की तैयारी की है। जिन इलाकों में संक्रमण के मामले सामने आए हैं, वहां बीमार मवेशियों के इलाज और उनकी देखरेख पर विशेष जोर दिया जा रहा है। Add text below Add image below06Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteप्रशासन ने पशुपालकों से आग्रह किया है कि वे अपने बीमार पशुओं को स्वस्थ गोवंश से अलग रखें ताकि संक्रमण आगे न फैले। इसके अलावा, यदि मवेशियों में लंपी के लक्षण दिखाई दें तो तुरंत नजदीकी पशु चिकित्सा विभाग को इसकी सूचना देने की सलाह दी गई है। Add text below Add image below07Heading Paragraph Heading Subheading Quoteगौरक्षकों ने टीकाकरण की गति पर उठाए सवाल Add text below Add image below08Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteदूसरी ओर, रावतपुरा कलां समेत कई अन्य गांवों के स्थानीय लोगों और गौरक्षकों ने हालात पर असंतोष जताया है। उनका कहना है कि कई जगहों पर गायों की हालत बेहद गंभीर है और कुछ पशुओं की मौत भी हो चुकी है। Add text below Add image below09Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteगौरक्षक अंशुल विरथरे का आरोप है कि संक्रमण की सूचना मिलने के बावजूद शुरुआती दौर में इलाज और टीकाकरण की व्यवस्था उतनी तेजी से नहीं की गई जितनी जरूरत थी। उन्होंने मांग की है कि महामारी को रोकने के लिए गांव-गांव जाकर सर्वे किया जाए और युद्ध स्तर पर वैक्सीनेशन अभियान चलाया जाए। Add text below Add image below