Story detailsHeadline, summary, section, and byline.HeadlineSummaryभिंड में एसआईआर के विरोध में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने बुधवार को जोरदार प्रदर्शन किया। परेड चौराहे पर पुलिस और कांग्रेस के बीच पुतले को लेकर खींचतान हुई, जिसके बाद स्थिति नियंत्रित करने के लिए वाटर कैनन का इस्तेमाल किया गया।Categoryदुर्घटनाराजनीतिसमस्या/problemस्थानीयअपराधशिक्षाखेलमनोरंजनव्यापारस्थानीयDistrictNo districtग्वालियरदेशमुरैनाभिंडश्योपुरदतियाशिवपुरीगुनाअशोकनगरAuthorEditorial deskMushtaq Ahmad Khan - Editor In Chiefiuyiuhकृषि डेस्क - कृषि संवाददाताक्राइम डेस्क - अपराध संवाददाताधर्म डेस्क - धर्म संपादकपर्यटन डेस्क - पर्यटन संवाददाताराजनीति डेस्क - राजनीतिक विश्लेषकव्यापार डेस्क - व्यापार संवाददाताशिक्षा डेस्क - शिक्षा संवाददातासंपादकीय डेस्क - वरिष्ठ संपादकसांस्कृतिक डेस्क - सांस्कृतिक संपादकस्पोर्ट्स डेस्क - खेल संवाददाताPublish timeStory URLURL slug/article/bhind-story-c9e4ebfa
StoryWrite in reading order. Add images exactly where they should appear. Text block Image block01Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteभिंड जिले में एसआईआर (SIR) के विरोध का मामला बुधवार को तूल पकड़ गया। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने इस मुद्दे को लेकर सड़क पर उतरकर उग्र प्रदर्शन किया, जो देखते ही देखते पुलिस के साथ तीखी झड़प और खींचतान में बदल गया। Add text below Add image below02Heading Paragraph Heading Subheading Quoteगांधी प्रतिमा से निकाली गई रैली Add text below Add image below03Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteबुधवार को कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने स्थानीय गांधी प्रतिमा से एक रोष रैली की शुरुआत की। नारेबाजी करते हुए यह रैली परेड चौराहे पर पहुंची, जहां कार्यकर्ताओं ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के पुतले जलाने की कोशिश की। Add text below Add image below04Heading Paragraph Heading Subheading Quoteप्रतीकात्मक रूप से जंजीरों में बांधकर किया विरोध Add text below Add image below05Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteइस प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं का अनूठा अंदाज देखने को मिला। मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के चेहरे का प्रतीक लगाकर एक कार्यकर्ता को जंजीरों में बांधकर प्रतीकात्मक रूप से चलाया गया। इसके अलावा प्रधानमंत्री के चेहरे का प्रतीक लेकर भी विरोध जताया गया। Add text below Add image below06Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteइस विरोध प्रदर्शन में गोहद विधायक केशव देसाई के साथ-साथ शहर और ग्रामीण कांग्रेस के तमाम पदाधिकारी और सैकड़ों कार्यकर्ता मौजूद रहे। प्रदर्शनकारियों की मुख्य मांग एसआईआर को रोकने और मतदाता सूची से हटाए गए पात्र मतदाताओं के नाम पुनः जोड़ने की थी। Add text below Add image below07Heading Paragraph Heading Subheading Quoteपुलिस बल की तैनाती और वाटर कैनन का प्रयोग Add text below Add image below08Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteपरेड चौराहे पर पुतला दहन की आशंका के चलते पहले से ही भारी पुलिस बल तैनात किया गया था। जब कार्यकर्ताओं ने पुतला जलाने का प्रयास किया तो पुलिस ने उसे रोकने की कोशिश की। दोनों पक्षों के बीच हुई खींचतान के दौरान हालात बिगड़ते देख पुलिस ने वाटर कैनन का भी इस्तेमाल किया, हालांकि इसके बावजूद कार्यकर्ता पीछे नहीं हटे और अंततः दोनों पुतले जला दिए गए। Add text below Add image below09Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteशहर कांग्रेस अध्यक्ष धर्मेंद्र सिंह भदौरिया ‘पिंकी’ ने निर्वाचन प्रक्रिया में पूरी पारदर्शिता बरतने और मतदाता सूची की स्वतंत्र समीक्षा कराने की मांग की। वहीं, ग्रामीण कांग्रेस अध्यक्ष रामशेष बघेल का कहना था कि लोकतांत्रिक व्यवस्था को सुचारू रखने के लिए पात्र मतदाताओं के नाम सूची में बने रहना बेहद जरूरी है। कांग्रेस नेताओं ने प्रधानमंत्री के इस्तीफे और मुख्य निर्वाचन आयुक्त के विरुद्ध कार्रवाई की मांग भी उठाई और स्पष्ट किया कि मतदाता सूची से जुड़े इन मुद्दों पर उनका आंदोलन आगे भी जारी रहेगा। Add text below Add image below