Story detailsHeadline, summary, section, and byline.HeadlineSummaryरौन थाना क्षेत्र में एक युवक की इलाज के दौरान संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। परिजनों का आरोप है कि गलत दवा और ड्रिप चढ़ाने से छात्र की तबीयत बिगड़ी, जिसके बाद प्रशासन ने कार्रवाई करते हुए संबंधित क्लीनिक को सील कर दिया है।Categoryदुर्घटनाराजनीतिसमस्या/problemस्थानीयअपराधशिक्षाखेलमनोरंजनव्यापारस्थानीयDistrictNo districtग्वालियरदेशमुरैनाभिंडश्योपुरदतियाशिवपुरीगुनाअशोकनगरAuthorEditorial deskMushtaq Ahmad Khan - Editor In Chiefiuyiuhकृषि डेस्क - कृषि संवाददाताक्राइम डेस्क - अपराध संवाददाताधर्म डेस्क - धर्म संपादकपर्यटन डेस्क - पर्यटन संवाददाताराजनीति डेस्क - राजनीतिक विश्लेषकव्यापार डेस्क - व्यापार संवाददाताशिक्षा डेस्क - शिक्षा संवाददातासंपादकीय डेस्क - वरिष्ठ संपादकसांस्कृतिक डेस्क - सांस्कृतिक संपादकस्पोर्ट्स डेस्क - खेल संवाददाताPublish timeStory URLURL slug/article/bhind-story-9ee05b46
StoryWrite in reading order. Add images exactly where they should appear. Text block Image block01Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteग्वालियर-चंबल अंचल के भिंड जिले के रौन थाना इलाके में एक दर्दनाक मामला सामने आया है। यहां पेट दर्द से परेशान 22 वर्षीय युवक की इलाज के दौरान जान चली गई। मृतक के परिवार वालों ने क्लीनिक संचालक पर लापरवाही बरतने और गलत तरीके से इलाज करने का गंभीर आरोप लगाया है। घटना के बाद से इलाके में सनसनी फैली हुई है और स्वास्थ्य विभाग की टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी की क्लीनिक को सील कर दिया है। Add text below Add image below02Heading Paragraph Heading Subheading Quoteजयपुर से रेलवे परीक्षा देकर लौटा था छात्र Add text below Add image below03Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteमृतक की पहचान मेहदा गांव के रहने والے 22 साल के विश्वास सिंह राजावत के रूप में हुई है, जो बबलू सिंह राजावत का बेटा था। वह प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी में जुटा हुआ था। कुछ दिन पहले ही यानी 16 अगस्त को वह रेलवे की परीक्षा देने के लिए जयपुर गया था और 18 अगस्त को अपने घर वापस लौटा था। बीते 21 अगस्त को उसके पेट में हल्का सा दर्द उठा, जिसके चलते वह रौन कस्बे में स्थित विधि क्लीनिक पर डॉक्टर के पास उपचार के लिए गया था। Add text below Add image below04Heading Paragraph Heading Subheading Quoteइंजेक्शन और ड्रिप के बाद बिगड़ती चली गई हालत Add text below Add image below05Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteपरिवार के सदस्यों ने बताया कि क्लीनिक के संचालक पुष्पेंद्र ने विश्वास को पहले कुछ दवाइयां दी थीं। दवा खाने के बाद जब उसे राहत नहीं मिली और वह दोबारा क्लीनिक पहुंचा, तो उसे ड्रिप के साथ-साथ कई इंजेक्शन भी लगा दिए गए। इसके तुरंत बाद उसे पतले दस्त की शिकायत शुरू हो गई। इसी बीच युवक का जीजा भी वहां पहुंच गया। परिजनों ने जब डॉक्टर को उसकी हालत बिगड़ने की बात कही, तो डॉक्टर ने इसे मामूली बात बताते हुए घर ले जाने को कह दिया और कुछ दवाइयां थमा दीं। Add text below Add image below06Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteघर पहुंचने के कुछ देर बाद ही विश्वास के पूरे शरीर पर लाल रंग के निशान उभर आए। घबराए परिजन उसे तुरंत दोबारा उसी विधि क्लीनिक लेकर पहुंचे। वहां उसकी गंभीर हालत को देखकर डॉक्टर ने उसे तुरंत भिंड जिला अस्पताल ले जाने की सलाह दी। परिजन उसे लेकर भिंड के लिए रवाना हुए, लेकिन रास्ते में ही उसने दम तोड़ दिया। इसके बाद शव को वापस रौन लाया गया, जहां पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम कराया। Add text below Add image below07Heading Paragraph Heading Subheading Quoteप्रशासन ने की कार्रवाई, पीएम रिपोर्ट का इंतजार Add text below Add image below08Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteपरिजनों की शिकायत और पुलिस को दी गई सूचना के आधार पर स्वास्थ्य विभाग की एक टीम एक्टिव हुई। टीम ने तुरंत मौके पर पहुंचकर विधि क्लीनिक को सील कर दिया है। पुलिस ने इस मामले में प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि मौत के असली कारणों का खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगा। फिलहाल पुलिस और स्वास्थ्य अधिकारी रिपोर्ट का इंतजार कर रहे हैं ताकि उसी आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा सके। Add text below Add image below