Story detailsHeadline, summary, section, and byline.HeadlineSummaryभिंड में निवेश के नाम पर करोड़ों की ठगी करने वाली कंपनी ऑरोरा एक्स के संचालक पुलिस के दो नोटिस मिलने के बाद भी पूछताछ के लिए हाजिर नहीं हुए हैं। संचालकों द्वारा कार्रवाई से बचने के लिए बड़े नेताओं से फोन कराने की बात भी सामने आ रही है।Categoryदुर्घटनाराजनीतिसमस्या/problemस्थानीयअपराधशिक्षाखेलमनोरंजनव्यापारस्थानीयDistrictNo districtग्वालियरदेशमुरैनाभिंडश्योपुरदतियाशिवपुरीगुनाअशोकनगरAuthorEditorial deskMushtaq Ahmad Khan - Editor In Chiefiuyiuhकृषि डेस्क - कृषि संवाददाताक्राइम डेस्क - अपराध संवाददाताधर्म डेस्क - धर्म संपादकपर्यटन डेस्क - पर्यटन संवाददाताराजनीति डेस्क - राजनीतिक विश्लेषकव्यापार डेस्क - व्यापार संवाददाताशिक्षा डेस्क - शिक्षा संवाददातासंपादकीय डेस्क - वरिष्ठ संपादकसांस्कृतिक डेस्क - सांस्कृतिक संपादकस्पोर्ट्स डेस्क - खेल संवाददाताPublish timeStory URLURL slug/article/bhind-story-8da941b3
StoryWrite in reading order. Add images exactly where they should appear. Text block Image block01Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteभिंड जिले में कुछ ही हफ्तों में पूंजी दोगुनी करने का लालच देकर सैकड़ों लोगों से करोड़ों रुपये ऐंठने वाली ऑरोरा एक्स कंपनी के प्रबंधकों की मुश्किलें बढ़ती जा रही हैं। पुलिस द्वारा जारी किए गए दो अलग-अलग नोटिसों के बाद भी कंपनी के मुख्य संचालक अपना स्पष्टीकरण देने के लिए सामने नहीं आए हैं। Add text below Add image below02Heading Paragraph Heading Subheading Quoteहजारों निवेशकों को दिया गया था झांसा Add text below Add image below03Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteजानकारी के अनुसार, इस संदिग्ध कंपनी ने शहर की हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी में अपना कार्यालय स्थापित कर कामकाज शुरू किया था। शुरुआती दिनों में निवेशकों को कम समय में बड़ी रकम लौटाने का झांसा दिया गया, जिससे प्रभावित होकर स्थानीय लोगों ने अंधाधुंध पैसा लगा दिया। इस धोखाधड़ी के जाल को फैलाने के लिए मल्टी-लेवल मार्केटिंग का तरीका अपनाया गया था, जिसमें जुड़ने वाले लोगों को अपने परिचितों को भी शामिल करने के लिए उकसाया जाता था। Add text below Add image below04Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteहालाँकि, पिछले महीने के मध्य से जब निवेशकों ने अपना मुनाफा और मूलधन निकालना चाहा, तो कंपनी के स्तर पर टालमटोल शुरू हो गई। इसके बाद ठगी का शिकार हुए लोगों का गुस्सा फूट पड़ा और वे लगातार पुलिस थाने पहुंचकर अपनी पीड़ा बताने लगे। Add text below Add image below05Heading Paragraph Heading Subheading Quoteदो बार थमाया गया नोटिस, पर नहीं मिला जवाब Add text below Add image below06Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteइस पूरे प्रकरण की गंभीरता को देखते हुए पुलिस विभाग की साइबर सेल ने कंपनी से जुड़े नितेश सिंह और मलखान सिंह के नाम नोटिस जारी किया था। उन्हें तय समय सीमा के भीतर अपने दस्तावेज और पक्ष रखने को कहा गया था। जब पहली अवधि में कोई जवाब नहीं मिला, तो पुलिस ने दोबारा स्मरण पत्र भेजकर एक निश्चित समय पर हाजिर होने का निर्देश दिया, लेकिन संचालकों ने इसकी भी अनदेखी कर दी। Add text below Add image below07Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteलगातार दो बार नोटिस की अवहेलना होने के बाद पुलिस प्रशासन अब और अधिक सख्त रुख अपनाने की तैयारी में है। पुलिस महकमे के पास लगातार नए निवेशक पहुंच रहे हैं, जिनकी पूंजी इस फर्जीवाड़े में फंस चुकी है। ऐसे में आरोपियों पर कानूनी शिकंजा कसना तय माना जा रहा है। Add text below Add image below08Heading Paragraph Heading Subheading Quoteकारਵਾਈ टालने के लिए सियासी दबाव का सहारा Add text below Add image below09Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteविश्वसनीय सूत्रों के हवाले से यह बात भी सामने आई है कि पुलिस कार्रवाई से बचने के लिए कंपनी से जुड़े लोग भूमिगत हो चुके हैं। वे खुद सामने आने के बजाय प्रदेश और राष्ट्रीय स्तर के रसूखदार नेताओं के जरिए पुलिस अधिकारियों पर फोन करवाकर मामले को रफा-दफा करने का दबाव बना रहे हैं। हालांकि, स्थानीय पुलिस अधिकारियों ने इन सभी सियासी दबावों को दरकिनार कर निष्पक्ष वैधानिक कदम उठाने के संकेत दिए हैं। Add text below Add image below10Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteदेहात थाना प्रभारी शिवप्रताप सिंह राजावत ने इस संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि उच्चाधिकारियों के निर्देशानुसार संचालकों को नोटिस भेजकर स्थिति स्पष्ट करने को कहा गया था, जिसकी समयसीमा निकल चुकी है। यदि समय पर जवाब दाखिल नहीं किया जाता है, तो नियमानुसार आगे की कठोर कानूनी कार्रवाई और एफआईआर दर्ज करने की प्रक्रिया को पूरी सख्ती के साथ अंजाम दिया जाएगा। Add text below Add image below