Story detailsHeadline, summary, section, and byline.HeadlineSummaryयादव कॉलोनी स्थित मंदिर में नवरात्रि के सातवें दिन धार्मिक अनुष्ठान का आयोजन किया गया। इस दौरान मारकंडेय पुराण के तहत सात कन्याओं का पूजन और देवी का आह्वान हुआ।Categoryदुर्घटनाराजनीतिसमस्या/problemस्थानीयअपराधशिक्षाखेलमनोरंजनव्यापारस्थानीयDistrictNo districtग्वालियरदेशमुरैनाभिंडश्योपुरदतियाशिवपुरीगुनाअशोकनगरAuthorEditorial deskMushtaq Ahmad Khan - Editor In Chiefiuyiuhकृषि डेस्क - कृषि संवाददाताक्राइम डेस्क - अपराध संवाददाताधर्म डेस्क - धर्म संपादकपर्यटन डेस्क - पर्यटन संवाददाताराजनीति डेस्क - राजनीतिक विश्लेषकव्यापार डेस्क - व्यापार संवाददाताशिक्षा डेस्क - शिक्षा संवाददातासंपादकीय डेस्क - वरिष्ठ संपादकसांस्कृतिक डेस्क - सांस्कृतिक संपादकस्पोर्ट्स डेस्क - खेल संवाददाताPublish timeStory URLURL slug/article/ashoknagar-story-a2219864
StoryWrite in reading order. Add images exactly where they should appear. Text block Image block01Heading Paragraph Heading Subheading Quoteनवरात्रि के सातवें दिन हुआ अनुष्ठान Add text below Add image below02Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteअशोकनगर की यादव कॉलोनी में स्थित श्री पंचमुखी हनुमान मंदिर परिसर इन दिनों नवरात्रि महोत्सव के चलते भक्तिमय बना हुआ है। पर्व के सातवें दिन स्थानीय श्रद्धालुओं ने पूरी श्रद्धा के साथ मां कालरात्रि की पूजा-अर्चना में हिस्सा लिया और धार्मिक अनुष्ठान संपन्न किए। Add text below Add image below03Heading Paragraph Heading Subheading Quoteकन्या पूजन और शक्तियों का आह्वान Add text below Add image below04Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteयह धार्मिक कार्यक्रम पुजारी किशन लाल मिश्रा के मार्गदर्शन में पूरा हुआ। अनुष्ठान के दौरान मारकंडेय पुराण की पद्धति का पालन करते हुए सात कन्याओं का विधिवत पूजन कराया गया। महाकाली पूजन के विशेष अवसर पर षोडश मातृका, 64 योगिनी, 52 भैरव और 49 क्षेत्रपाल का आह्वान कर उनका अर्चन किया गया। Add text below Add image below05Heading Paragraph Heading Subheading Quoteस्तोत्र पाठ और देवी का संदेश Add text below Add image below06Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteइस आयोजन के दौरान दुर्गा सप्तशती के कवच, अर्गला स्तोत्र, कीलक और रहस्य का संगीतमय पाठ किया गया जिससे पूरा मंदिर परिसर गूंज उठा। पुजारी मिश्रा ने इस मौके पर मौजूद श्रद्धालुओं को जानकारी दी कि देवी कालरात्रि अपने साधकों को भय से मुक्ति दिलाती हैं और धर्म ग्रंथों में उन्हें शुभंकरी के नाम से भी पुकारा गया है। Add text below Add image below07Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteपुजारी ने आगे बताया कि मां की कृपा पाने के लिए साधकों को अपने जीवन में संयम, नियमों का पालन, सात्विक भोजन और हमेशा सत्य के मार्ग पर चलने का आचरण रखना चाहिए। Add text below Add image below