Story detailsHeadline, summary, section, and byline.HeadlineSummaryयादव कॉलोनी स्थित मंदिर में श्रावण मास के उपलक्ष्य में भगवान शिव का पंचामृत अभिषेक किया गया। इस दौरान दुर्लभ संयोग में मां गौरा का श्रृंगार कर महाआरती उतारी गई।Categoryदुर्घटनाराजनीतिसमस्या/problemस्थानीयअपराधशिक्षाखेलमनोरंजनव्यापारस्थानीयDistrictNo districtग्वालियरदेशमुरैनाभिंडश्योपुरदतियाशिवपुरीगुनाअशोकनगरAuthorEditorial deskMushtaq Ahmad Khan - Editor In Chiefiuyiuhकृषि डेस्क - कृषि संवाददाताक्राइम डेस्क - अपराध संवाददाताधर्म डेस्क - धर्म संपादकपर्यटन डेस्क - पर्यटन संवाददाताराजनीति डेस्क - राजनीतिक विश्लेषकव्यापार डेस्क - व्यापार संवाददाताशिक्षा डेस्क - शिक्षा संवाददातासंपादकीय डेस्क - वरिष्ठ संपादकसांस्कृतिक डेस्क - सांस्कृतिक संपादकस्पोर्ट्स डेस्क - खेल संवाददाताPublish timeStory URLURL slug/article/ashoknagar-story-3ba8c8a8
StoryWrite in reading order. Add images exactly where they should appear. Text block Image block01Heading Paragraph Heading Subheading Quoteश्रावण मास के पावन पर्व पर गूंजे शिवकारे Add text below Add image below02Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteअशोकनगर शहर की यादव कॉलोनी में स्थित प्रसिद्ध श्री पंचमुखी हनुमान मंदिर में इन दिनों धार्मिक कार्यक्रमों की श्रृंखला चल रही है। इसी कड़ी में श्रावण माह के विशेष अवसर पर मंदिर प्रांगण में विशेष अनुष्ठान का आयोजन किया गया, जिसमें स्थानीय श्रद्धालुओं ने बढ़-चढ़कर अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। Add text below Add image below03Heading Paragraph Heading Subheading Quoteपंचामृत अभिषेक और माता गौरा का श्रृंगार Add text below Add image below04Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteमंदिर के पुजारी किशन लाल मिश्रा के मार्गदर्शन में भक्तों ने विधि-विधान के साथ भगवान भोलेनाथ का पंचामृत से अभिषेक किया। इसके पश्चात माता गौरा का अत्यंत मनमोहक श्रृंगार किया गया, जिसे देखने के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे थे। Add text below Add image below05Heading Paragraph Heading Subheading Quoteदुर्लभ संयोग और हवन-पूजन के लाभ Add text below Add image below06Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteधार्मिक जानकारों के अनुसार, इस आयोजन के दिन ऐंद्र योग, महाअष्टमी और माता गौरा के समीप शिव वास का एक अत्यंत दुर्लभ संयोग बना था। इस दौरान पृथ्वी पर अग्नि वास होने के कारण हवन, पूजन और गृह प्रवेश जैसे मांगलिक कार्यों के लिए यह समयावधि बहुत ही उत्तम मानी गई। Add text below Add image below07Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteविशेष अनुष्ठान के दौरान माता लक्ष्मी की कृपा प्राप्ति के लिए विशेष रूप से श्री सूक्त के पाठ का आयोजन कराया गया, जिससे पूरा वातावरण आध्यात्मिक ऊर्जा से सराबोर हो गया। Add text below Add image below08Heading Paragraph Heading Subheading Quoteपर्यावरण संदेश और संगीतमय महाआरती Add text below Add image below09Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteधार्मिक अनुष्ठानों के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण का संदेश देने के अनूठे प्रयास के तहत मंदिर परिसर में दो नए पौधे भी रोपे गए। कार्यक्रम के अंतिम चरण में भव्य महाआरती संपन्न हुई, जिसके बाद उपस्थित महिलाओं ने सामूहिक रूप से पारंपरिक भजनों की प्रस्तुतियां दीं। Add text below Add image below